#Lockdown : पेंटिंग का सामान नहीं है तो नेहा से सीखिए, घर बैठे इस तरह रच दी तस्वीर

#Varanasi : लॉकडाउन के बीच घर में बैठे कुछ लोग समय का सदुपयोग कर रहे हैं। बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक वह काम कर रहे हैं, जिसमें उनका मन लगे। ताकि वह बोर न हों।

काशी हिंदू विश्वविद्यालय में वैदिक विज्ञान केंद्र में अध्ययन कर रही बलिया की रहने वाली नेहा सिंह घर में रहकर चित्रकारी कर रही हैं। उनके द्वारा बनाई गई एक पेंटिंग की जमकर सराहना हो रही है। नेहा बताती हैं, लॉकडाउन के चलते कालेज बंद हो गया। वह घर चली आईं। अचानक घर जाने के कारण कोई भी पेंटिंग का सामान नहीं ले जा पायीं। नेहा ने मेकअप का सामान व रसोई के कुछ मसालों से एक ऋषि और उनके बगल में बैठकर ज्ञान प्राप्त करते हुए एक आधुनिक वैज्ञानिक का चित्रांकन किया है।

नेहा ने चित्र बनाने के लिए हल्दी, दलचीनी, लौंग, अदरक, मिर्च, धनिया, आल्ता, सिंदूर, लिपस्टिक, क्रीम, पाउडर, काजल आदि का उपयोग किया है। नेहा ने यह चित्र ने एक सप्ताह के भीतर तैयार किया है। उन्होंने बताया कि वैदिक ज्ञान एवं आधुनिक विज्ञान के समन्वय के बिना कुछ भी संपूर्ण नहीं हो सकता। आज आधुनिक विज्ञान कितना भी आगे चला गया हो, कहीं न कहीं उसका जड़ वैदिक ज्ञान से जुड़ा है। ईशावास्योपनिषद इस बात को और स्पष्ट करती है। इसी सोच विचार पर आधारित चित्रांकन ने यह पेंटिंग तैयार की।

कहते है कि, किसी गुरु के सानिध्य में बैठकर वैदिक ज्ञान को समझने को उप-निषद कहते हैं। नेहा के द्वारा बनाई गई चित्र भी कुछ ऐसे ही इशारा कर रहे हैं। वेद एवं विज्ञान जब एक साथ रहेंगे तभी कोरोना वायरस हारेगा।

दो विश्व रिकार्ड में नाम दर्ज

नेहा सिंह ने दो विश्व रिकार्ड अपने नाम किये हैं। पहला 2017 में उन्होंने 16 लाख मोतियों से 10×11 फुट का भारत का नक्शा बनाकर WORLD RECORD OF INDIA में अपना नाम दर्ज किया। दूसरा 2018 में उन्होंने 449 फीट कपड़े पर 38,417 डॉट-डॉट कर उंगलियों के निशान से हनुमान चालीसा लिख कर EURASIA WORLD RECORD में नाम दर्ज किया है।