Varanasi उत्तर प्रदेश 

Top News : मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम हमारे अराध्य और आदर्श, विश्व में शांति रामराज्य के जरिये ही आ सकती है- डॉ. विजय यादव

Varanasi : मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम हमारे अराध्य व आदर्श दोनों हैं। भगवान राम के आदर्शों को आत्मसात करके ही हम एक आदर्श व सभ्य समाज का निर्माण कर सकते हैं। यही कारण है कि जब भी बात एक आदर्श समाज की परिकल्पना की होती है तो रामराज्य का जिक्र स्वभाविक तौर पर हो जाता है। यह बातें कृष्ण सुदामा ग्रुप आफ इंस्टीटयूशन्स के चेयरमैन व भाजपा किसान मोर्चा प्रदेश मंत्री डॉ. विजय यादव ने कहीं। मौका था अयोध्या में निर्माणाधीन भव्य व दिव्य राममंदिर के लिए समर्पण धनराशि देने का।

उन्होंने आरएसएस के संघ प्रचारक पूर्वी क्षेत्र के पदाधिकारी भोलेंद्र, डॉ. नागेंद्र सिंह, खंड संचालक अजय, सर्वेश सिंह, अशोक पांडेय, यशवंत वर्मा व संघ के वरिष्ठ पदाधिकारियों को 151,000 रुपये की समर्पण धनराशि का चेक सौंपा। डॉ. विजय यादव ने कहा कि जब आज हमारों वर्षों से प्रतीक्षित सपना साकार होने जा रहा है तो हमें भी अपनी क्षमता के अनुसार प्रभु राम के चरणों में अपना अंशदान अर्पित करना चाहिए। कहा, यह मेरे के लिए सौभाग्य है कि मुझे यह अवसर मिला। ईश्वर व धर्म के लिए दान करना विशेष महत्व रखता है। अध्यात्म जीवन में दान की सर्वोच्चता को दर्शाया गया है। ऐसे में जब विषय हमारी संस्कृति, हमारी पहचान व आस्था से जुड़ा हो तो यह और भी ज्यादा महत्वपूर्ण हो जाता है।

उन्होंने कहा कि भगवान राम ने हमें यह संदेश दिया कि हम सांसारिक जीवन में अपने कर्तव्यों का निर्वहन किस प्रकार से करें। एक राजा का प्रजा के प्रति, एक पति का पत्नी के लिए, एक भाई का अपने भाई के लिए व एक पुत्र का माता-पिता के प्रति क्या कर्तव्य होता है और उसका निर्वहन कैसे किया जा सकता है, यह सब हमें भगवान राम के चरित्र में देखने को मिलता है। इसीलिए बार-बार बात रामराज्य की होती है। रामराज्य में जीवन के हर क्षेत्र में संतुलन होने के साथ ही भेदभाव के लिए रत्ती भर का स्थान नहीं होता है। इस बात का उदाहरण शबरी का प्रसंग है। डॉ. विजय यादव ने कहा कि विश्व में शांति रामराज्य के जरिये ही आ सकती है। रामराज्य में मानवता की भलाई सहित समस्त जीवों के हित की भावना निहित है।

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